सोमवार, अप्रैल 23, 2018

HAPPY WORLD BOOK DAY ❗ 📚 📙📖📘📗📒📕📔📚

जाने कितना लिख्खा मैंने
जाने कितना बांचा मैंने. 📖
आड़ी तिरछी इस दुनिया में
ढूंढा अपना खांचा मैंने.

दागरहित जो दिखा हमेशा
वही फरेबी निकला अक्सर,
बदनामी जिसके सिर चिपकी
उसको पाया सांचा मैंने.

       📚 - डॉ. वर्षा सिंह

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